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Monday, October 5, 2026

शिक्षा का अधिकार और प्रकृति से जुड़ी बाल-दृष्टि - अशोक कुमार मौर्य

आज की क्लास में यह दिखाया गया कि एक 7 वर्ष की बच्ची, जो अभी विद्यालय नहीं जाती है, अपने सभी भाई-बहनों में सबसे छोटी थी। बच्ची को डर लगता था कि मेरे पास मेरे जन्म का न तो कोई जन्म प्रमाण पत्र है, न ही किसी प्रकार का कोई सर्टिफिकेट। मेरा किसी विद्यालय में एडमिशन कैसे होगा?


इस कहानी से यह स्पष्ट होता है कि जन्म प्रमाण पत्र बच्चों के लिए कितना जरूरी होता है। वह बच्ची प्राकृतिक दृश्यों को देखती है और उसके बारे में तरह-तरह के विचार सोचती है। पहाड़ियों, झरनों, पेड़-पौधों और बहती हुई हवाओं आदि प्राकृतिक पर्यावरण की खुशियों का वर्णन दिखाया गया है और वह बच्ची इस पर्यावरण में अपने माता-पिता को भी जोड़ी हुई है।
अर्थात् आज की क्लास में प्राकृतिक दृश्यों का काफी वर्णन किया गया है। 

अशोक कुमार मौर्य


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